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Showing posts with the label Arko Pravo Mukherjee

महफूज़ - Mehfooz (Arko, Aakanksha Sharma, Hacked)

Movie/Album: हैक्ड (2020) Music By: आर्को प्रावो मुखर्जी Lyrics By: आर्को प्रावो मुखर्जी Performed By: आर्को, आकांक्षा शर्मा ऐ सुबह तू जा फ़लक से लौट जा ज़रा रात थम के कर रही है हमसे मशवरा ऐ सुबह तू... बादलों से कह दो जा के मैं फ़ना हुआ बिन बताए, बिन रिझाए बस तेरा हुआ महफ़ूज़ है मेरी बाँहों में अब से तू सदा मैं चल पड़ूँ तेरी राहों में अब से यूँ सदा महफ़ूज़ है मेरी... ऐ शिकायत अब ज़रूरत ना रही तेरी ऐ नसीहत फिर मिलेंगे है दुआ मेरी अब फ़साना, अब ठिकाना तू मेरा हुआ ज़िंदगी का हर बहाना तू मेरा हुआ महफ़ूज़ है मेरी बाँहों में...

आईना - Aaina (Arko, Tulsi Kumar, Neha Kakkar, The Body)

Movie/Album: द बॉडी (2019) Music By: आर्को प्रावो मुखर्जी Lyrics By: आर्को प्रावो मुखर्जी Performed By: आर्को, नेहा कक्कड़, तुलसी कुमार मैं रहूँ तेरे सामने बना ले मुझे आईना के मेरे हर लफ्ज़ का तू ही एक मायना मैं रहूँ तेरे सामने... तू चाहे इल्ज़ाम दे या फिर कर ले गिला सहूँगा हर दर्द मैं जो मुझे बस तू मिला मैं रहूँ तेरे सामने... तू, है जहाँ पे मेरी जुस्तुजू हो के तुझसे ही तो रूबरू मुझे मरहम मिला और तभी तेरी आँखों से उतरी हँसी मेरे होठों पे आ के बसी मुझे हमदम मिला मेरे हाथों की इन लकीरों में बस जा मैं आया तुझे थामने, थामने मैं रहूँ तेरे सामने... बस यूँ, तेरी बाहों में बैठी रहूँ राज़ दिल के तुझी से कहूँ तो चले सिलसिला जो कभी, एक लम्हा लगे एक सदी मैं दोबारा बनूँ अजनबी मुझे खुद से मिला कहानी ये दो रूह के कश्मकश की लिखी है इसी शाम ने मैं रहूँ तेरे सामने...

खुदा हाफ़िज़ - Khuda Haafiz (Arijit Singh, The Body)

Movie/Album: द बॉडी (2019) Music By: आर्को प्रावो मुखर्जी Lyrics By: आर्को, मनोज मुंतशिर Performed By: अरिजीत सिंह बीते लम्हों को फिर से जीने के लिए जुदा होना ज़रूरी है समझा कर रात जितनी भी, दिलचस्प हो साइयाँ सुबह होना ज़रूरी है समझा कर खुदा हाफिज़ ओ मेरे यारा मिलें या ना मिलें दोबारा रहूँगा मैं सदा तेरा खुदा हाफिज़ ओ मेरे यारा सफ़र बेदर्द बेसहारा मुहाफ़िज़ हो ख़ुदा तेरा दास्ताँ तेरी मेरी कितनी अजीब है पास तू नहीं फिर भी सबसे करीब है खुदा हाफिज़ ओ मेरे यारा जो पल तेरे बिना गुज़ारा है उसमें भी निशाँ तेरा मिटे ना मिटाए अब यार मेरी आँखों से ये नमी हर दिन हर लम्हा यूँ गूँजेगी दीवारों से तेरी कमी जब मिलेंगे दोबारा हम किसी चौराहे पे फिर कभी मैं पहचान लूँगा तुमको है लाज़मी खुदा हाफिज़ ओ मेरे यारा सफ़र बेदर्द बेसहारा अधूरी रह गयी दुआ डूबकर सूरज ने मुझको तन्हा कर दिया मेरा साया भी बिछड़ा मेरे दोस्त की तरह खुदा हाफिज़ ओ मेरे यारा मिलें या ना मिलें दोबारा रहूँगा मैं सदा तेरा दास्ताँ तेरी मेरी कितनी अजीब है...

जलते बुझते - Jaltey Bujhtey (Aakanksha Sharma, Arko, Ghost)

Movie/Album: घोस्ट (2019) Music By: आर्को प्रावो मुखर्जी Lyrics By: आर्को प्रावो मुखर्जी Performed By: आकांक्षा शर्मा, आर्को प्रावो मुखर्जी जलते-बुझते, मद्धम-मद्धम तारों में लिपटी रात है कैसे जाने दें तुम्हें तुमसे जुड़ी हर बात है तेरे लबों पे मेरी कहानी हाथों में मेरा हाथ है कैसे ना चाहें तुम्हें तुमसे ही तो ये रात है यूँ सिलवटों में ही छुपे राज़ सारे रहने दो ज़र्रा-ज़र्रा महसूस हो लम्हों को ऐसे बहने दो नज़दीक़ियाँ महसूस हो लम्हों को ऐसे बहने दो दोहरा रही है फिर वो कहानी फिर से वो ही जज़्बात है कैसे जाने दें तुम्हें तुमसे जुड़ी हर बात है मानो के जैसे पाया जहाँ है हाथों में जो तेरा हाथ है कैसे ना चाहें तुम्हें... बूँदों की ये साज़िशें करे कैसी हरकतें आहिस्ता-आहिस्ता से जगी हैं हसरतें हाँ महकी है तुमसे चाँदनी तुमसे ही तो बरसात है कैसे जाने दें तुम्हें तुमसे जुड़ी हर बात है तेरे लबों पे मेरी कहानी... जलते-बुझते...

रूह का रिश्ता - Rooh Ka Rishta (Yasser Desai, Arko, Ghost)

Movie/Album: घोस्ट (2019) Music By: सोनल प्रधान Lyrics By: सोनल प्रधान Performed By: यासेर देसाई, आर्को प्रावो मुखर्जी अनकही हैं जो बातें कहनी है तुमसे ही क्यूँ ये नज़रें मेरी ठहरी हैं तुमपे ही रूह का रिश्ता ये जुड़ गया जहाँ तू मुड़ा मैं भी मुड़ गया रास्ता भी तू है, मंज़िल भी तू ही हाँ तेरी ही ज़रूरत है मुझे ये कैसे समझाऊँ मैं तुझे माँगता हूँ तुझे या तुझसे ही रूह का रिश्ता ये... बेचैनियाँ अब बढ़ने लगी हैं सब्र रहा ना बेसब्री है आँच थोड़ी साँसों को दे दे मुश्किल में ये जान मेरी है बहता हूँ तुझमें मैं भी ना छुपा खुद से ही महकूँ खुशबू से जिसकी बन वो कस्तूरी रूह का रिश्ता ये... जब से मिला हूँ तुझ से बस ना रहा है खुद पे बोलती आँखों ने जादू कर दिया बख़्श दे मुझे ख़ुदारा मैंने जब उसे पुकारा हो गयी ख़ता तेरा नाम ले लिया साथ हो जो उम्र भर वो खुशी बन मेरी हर कमी मंज़ूर है बिन तेरे जीना नहीं रूह का रिश्ता ये...